हम बागी बलिया वाले हैं
हम त्यागी बलिया वाले हैं
सबसे पहले आजाद हुए हम
सबसे पहले आबाद हुए हम
मंगल पांडे
चित्तु पांडे
की धरती यह लाजबाव है
यहां गंगा सरयू का दोआब है
है मांझी पुल यहीं पर
है सुरेमनपुर यहीं पर
सहज ( सत्येन्द्र कुमार सिंह) गुदरी सिंह के टोला वाले
हैं हम बलिया वाले
हैं हम निडर
हैं हम अमर
गंगा तट के वासी हैं हम
साहसी वीर स्वाभिमानी हैं हम
हमसे जो टकराता है
चूर चूर हो जाता है
है पहचान यही
है हमसे मही
हमें जानता जहान है
हमसे हिंदुस्तान है।
- सहज कुमार