ये दशहरे का जो दिन आया है ले खुशियां हजार
हर बुराई मिट गईं खुशियां मिलीं है बेशुमार
पर बहुत आसान भी मंजिल नहीं मिलनी थी ये
आचरण भी याद रखना पड़ता है आपका श्री राम