आप अपनी कविता सिर्फ अमर उजाला एप के माध्यम से ही भेज सकते हैं

बेहतर अनुभव के लिए एप का उपयोग करें

विज्ञापन

Teacher's Day 2026: फ़राग़ रोहवी की नज़्म- स्कूल के हमारे उस्ताद प्यारे प्यारे

उर्दू अदब
                
                                                         
                            स्कूल के हमारे
                                                                 
                            
उस्ताद प्यारे प्यारे
हम को पढ़ा रहे हैं
इंसाँ बना रहे हैं
क्या क्या नहीं सिखाया
यूँ हौसला बढ़ाया
बात अन-सुनी बताई
दुनिया नई दिखाई
की दूर हर बुराई
तहज़ीब भी सिखाई
करना नहीं लड़ाई
होती है जग-हँसाई
होते हैं बाप साया
उन से ये दर्स पाया
तालीम का असर है
ऊँचा हमारा सर है
उन का जो ये अमल है
एहसान-ए-बे-बदल है
उन की करेंगे इज़्ज़त
पाते रहेंगे शफ़क़त
ख़ूबी 'फ़राग़' ने भी
उस्ताद की बयाँ की

हमारे यूट्यूब चैनल को Subscribe करें।

16 घंटे पहले

कमेंट

कमेंट X

😊अति सुंदर 😎बहुत खूब 👌अति उत्तम भाव 👍बहुत बढ़िया.. 🤩लाजवाब 🤩बेहतरीन 🙌क्या खूब कहा 😔बहुत मार्मिक 😀वाह! वाह! क्या बात है! 🤗शानदार 👌गजब 🙏छा गये आप 👏तालियां ✌शाबाश 😍जबरदस्त
विज्ञापन
X
बेहतर अनुभव के लिए
4.3
ब्राउज़र में ही

अब मिलेगी लेटेस्ट, ट्रेंडिंग और ब्रेकिंग न्यूज
आपके व्हाट्सएप पर