रख सको तो एक निशानी हूं मैं
खो दो तो सिर्फ़ एक कहानी हूं मैं
रोक न पाऐ जिसको ये सारी दुनिया
वो एक बूंद आंख का पानी हूं मैं
सबको प्यार देने की आदत है हमें
अपनी अलग पहचान बनाने कीआदत है
कितना भी गहरा जख्म दे कोई
उतना ही ज्यादा मुस्कुराने की आदत है हमें
इस अजनबी दुनिया में एक अकेला ख्वाब हूं मैं
सवालों से ख़फ़ा छोटा-सा जवाब हूं मैं
जो समझ ना सके उसके लिए कौन
जो समझ गए उसके लिए खुली किताब हूं मैं
आंख से देखोगे तो खुश पाओगे
दिल से पूछोगे तो दर्द का सैलाब हूं मैं
अगर रख सको तो एक निशानी हूं
मैं खो दो तो सिर्फ़ एक कहानी हूं मैं
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