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सब कहते हैं बहुत पियक्कड़,

                
                                                         
                            पापा मदिरा क्यों पीते हो ?
                                                                 
                            
मदिरा पीना ठीक नहीं ।
मदिरा पीकर घर मत आना,
यह तो मम्मी ठीक कही ।।

मदिरा पीने से दिल जलता,
और फेफड़े जाते सड़ ।
मेरी किताब में है लिखा,
यदि चाहो तो, लो पढ़ ।।

मुँह से बदबू भी है आता,
कितनी बार मैंने समझाया ।
फिर भी पीकर क्यों आते हो?
किसने है यह लत पकड़ाया?

चाहो तो मत लाओ कुछ भी,
लेंगे चिथड़े से तन ढांप ।
पर मुँह से बदबू ना आए,
जब भी घर पर आओ आप।।

नहीं चाहिए फल और फूल,
ना हमको बिस्किट टॉफी ।
दो बस पीना छोड़ आप,
यही गिफ्ट है काफी ।।

सब कहते हैं बहुत पियक्कड़,
सुन पिंटू! बाप है तेरा ।
क्यों लज्जित आप मुझे कराते,
आखिर है क्या कसूर मेरा ?
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1 hour ago

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