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नही किया

                
                                                         
                            सोचते सोचते तुमको
                                                                 
                            
हमने सोचना शुरू किया
जो सोचना शुरू किया
तो फिर खतम नही किया

हवाओ की तरह थी तुम
आ ही गई
हमने विशेष कोई
जतन नही किया

ख्वाब तक ही सीमित रहे
आगे ना बढ़े
तुम्हे देखने के अलावा
हमने कोई जुर्म सनम नही किया

मुस्कुराते रहे बे वजह
जमाने से बे फिक्र
तुम्हे देखते थे तुम्हे देखा
तुम्हे देखना कम नही किया

क्यू हो रहा है असर
मेरे दिलो-दिमाग पे
जबकि अपने पे हमने
कोई सितम नही किया
-सचिन निगम
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57 मिनट पहले

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