बहुत मुमकिन नहीं होता वहां से लौटते आना
जहां सब कुछ लगा हो दांव पे जीत के आना
मुस्कुराते चेहरे ने मेरे ओड़ ली है खामोशी
वो कहते है बात ना करना कभी ना लौट के आना
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