लोगों को किसी के बारे में ज्याद जानने की कहाँ ज़रूरत है
फिर लोगोंको अपने बारेमें ज्यादा बताने की क्या ज़रूरत है
जहां जब जिसे जितना तुम्हारे बारे में जानने की ज़रूरत हो
तब उसको उतना ही अपने बारेमें बताने की वहाँ ज़रूरत है
-एन आर कस्वाँ
- हम उम्मीद करते हैं कि यह पाठक की स्वरचित रचना है। अपनी रचना भेजने के लिए यहां क्लिक करें।
कमेंट
कमेंट X