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लोभी प्रेम की....

                
                                                         
                            अब नही भरोसा जिंदगी का
                                                                 
                            
जरा पास तो बैठ
निहार लु जी भर जरा
साथ तो बैठ
जीवन की इस भागादौड़ी मेँ
दो पल ना मिले साथ रहने के
अब तो दो पल का वक़्त निकाल
कर तो देख
सुख दुख मेँ मैंने हर पल तुम्हारा
साथ दिया है
तु भी अब मेरा साथ देकर तो देख,
वर्षो गुजर गए तारीफे सुने तुमसे
जाने सें पहले मेरी तारीफ करके तो देख
नही भरोसा जिंदगी का जरा पास तो बैठ
निहारलु जी भरके जरा साथ तो बैठ,,
मेरा प्रेम बस तुमसे है निस्वार्थ प्रेम
तु भी मुझें मेरे जैसा प्रेम करके तो देख
लोभी हुँ मेँ भी तेरे प्रेम की
तु भी मुझें अनमोल समझ के तो देख
अब नही भरोसा जिंदगी का
जरा पास तो बैठ,,,
-मंजू आस्था
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5 घंटे पहले

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