बागेश्वर में प्रदेश की देव संस्कृति के प्रसार-प्रसार और विश्व शांति की कामना के साथ निकाली गई बाबा विश्वनाथ मां जगदीशिला की 27वीं डोली यात्रा जिला मुख्यालय पहुंची। बागनाथ मंदिर में डोली का भव्य स्वागत किया। मंदिर में पूजा-अर्चना के बाद यात्रा कांडा होते हुए पिथौरागढ़ जिले के लिए रवाना हुई। पूर्व शिक्षा मंत्री मंत्री प्रसाद नैथानी के नेतृत्व में डोली यात्रा का आगाज टिहरी जिले के बिसौन पर्वत स्थित बाबा विश्वनाथ मां जगदीशिला मंदिर से हुआ था। सोमवार की रात को यात्रा गरुड़ के कोट भ्रामरी मंदिर पहुंची थी। मंगलवार की सुबह बैजनाथ होते हुए जिला मुख्यालय पहुंची। बस स्टेशन से गाजे-बाजे के साथ यात्रा नगर भ्रमण कर बागनाथ मंदिर पहुंची। मंदिर में डोली से आशीर्वाद ग्रहण करने के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे थे। यात्रियों ने सरयू नदी के पावन जल से बागनाथ मंदिर में जलाभिषेक किया। यात्रा संयोजक पूर्व शिक्षा मंत्री नैथानी ने बताया कि यात्रा प्रदेश के सभी 13 जिलों में जाती है। यात्रा का मकसद देव संस्कृति का प्रचार-प्रसार करना और प्रदेश के मंदिरों को धाम के रूप में चिह्नित करना है। 27 साल की यात्रा के दौरान डोली ने प्रदेश में 432 देवालयों को धाम के रूप में चिह्नित किया जा चुका है। बताया कि देववाणी संस्कृत भाषा के उन्नयन और पहाड़ों से पलायन रोकना भी यात्रा का उद्देश्य है।