जगद्गुरु शंकराचार्य ज्योतिष्पीठाधीश्वर स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती अपना 23वां चातुर्मास व्रत अनुष्ठान पूर्ण करने काशी से सड़कमार्ग द्वारा बाबतपुर पहुंचे, फिर हवाई यात्रा कर मुंबई रवाना हुए। इस दौरान भारी संख्या में भक्तों व संतों ने पुष्पवर्षा कर जयघोष किया। भक्तों के प्रार्थना पर श्रीविद्यामठ से शंकराचार्य जी महाराज पालकी पर सवार होकर कुछ दूर तक गए।