बीएचयू के बिड़ला हॉस्टल के बाहर सड़क जाम कर छात्रों ने जोरदार धरना प्रदर्शन किया। नारेबाजी करते हुए रुइया हॉस्टल के छात्रों पर मारपीट और एक छात्र को घायल करने का आरोप लगाया। वहीं जातिगत टिप्पणी कहकर लंका थाने में मुकदमा दर्ज कराने की भी मांग की गई। हिंदी विभाग के विन्टेस पासवान ने लंका थाने को तहरीर लिखकर कहा कि रविवार रात जब रुइया हॉस्टल के छात्रों का धरना चल रहा था तो उसी समय कुछ छात्रों के साथ नोकझोंक हो गई। कई छात्र मारपीट करते हुए रुइया लेकर गए। डंडा और रॉड से हमला किया गया। फिर जाति सूचक गालियां दी गईं। हालांकि बेहोशी की हालत में ट्रॉमा सेंटर भेजवाया गया, जहां इलाज कराया। कई जगह पर चोट केे निशान है। इससे पहले रविवार को रुइया हॉस्टल के संस्कृत ब्लाक के बाहर छात्रों ने विरोध प्रदर्शन किया था। शाम 4 बजे हॉस्टल के छात्र शिवम मिश्रा के साथ आपसी रंजिश में मैदान में क्रिकेट खेलने के दौरान मारपीट की गई थी। उसने बताया कि बिड़ला के कुछ छात्र वहां मौजूद थे जिससे उन लोगों से बहस हो गई। बात इतनी बढ़ गई कि मारपीट हो गई।