मेडिकल में दाखिले के लिए तीन मई को कराई गई राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा (नीट) के रद्द होने से छात्रों में नाराजगी है। मंगलवार को विरोध में प्रदर्शन कर परीक्षा देने वाले छात्रों ने पारदर्शिता और व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग की। तीन मई को 48 केंद्रों पर कराई गई नीट में पंजीकृत 25912 में से 25314 अभ्यर्थी शामिल हुए। तीन घंटे तक चली परीक्षा में वाराणसी के साथ ही आसपास के जिलों से भी अभ्यर्थियों ने परीक्षा दी थी। पेपर लीक होने के बाद जैसे ही नीट के रद होने की सूचना छात्रों को मिली, विरोध शुरू कर दिया। दुर्गाकुंड चौराहे पर प्रदर्शन कर छात्रों ने परीक्षा व्यवस्था में लगे लोगों के खिलाफ नारेबाजी की।