गोसाईगंज क्षेत्र के अर्जुनपुर गांव में मंगलवार को नदी में डूबने से एक युवक की मौत की घटना के बाद जहां एक परिवार में मातम है, वहीं 14 वर्षीय राजकुमार निषाद की बहादुरी पूरे इलाके में चर्चा का विषय बन गई है। अपनी जान की परवाह किए बिना नदी में कूदकर उसने तीन किशोरों की जिंदगी बचा ली, लेकिन चौथे को न बचा पाने का दर्द उसके चेहरे पर साफ झलक रहा है। मंगलवार को जब चार किशोर नदी में डूबने लगे, उस वक्त पास में भैंस चरा रहे राजकुमार ने बिना देर किए नदी में छलांग लगा दी। उसने एक-एक कर मनजीत, कल्लू और ओमलाल को सुरक्षित बाहर निकाल लिया। लेकिन जब तक वह चौथी बार कुलदीप को बचाने पहुंचा, तब तक देर हो चुकी थी। यही बात उसे अंदर ही अंदर कचोट रही है। घटना के बाद गांव में गम का माहौल है। कुलदीप के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है, वहीं जिन बच्चों की जान बची, उनके परिवार राजकुमार को ‘जीवन दाता’ मान रहे हैं। ग्रामीणों का कहना है कि अगर वह समय पर न कूदता तो हादसा और बड़ा हो सकता था। साधारण परिवार से आने वाले राजकुमार के पिता रोजी-रोटी के लिए विदेश में हैं, जबकि दादी छोटी दुकान चलाकर घर संभालती हैं। अभावों के बीच पले इस किशोर ने अपने साहस से सबका दिल जीत लिया है। गांव के लोग प्रशासन से उसे सम्मानित करने की मांग कर रहे हैं।