नैमिषारण्य की बड़ी छावनी के महंत ने विधायक ज्ञान तिवारी के साथ बुधवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मुलाकात की थी। उन्होंने आश्रम की बाउंड्री वाल और गुरुजी की समाधि क्षतिग्रस्त किये जाने का आरोप लगाया था। मुख्यमंत्री के आदेश पर बृहस्पतिवार को प्रमुख सचिव पर्यटन मुकेश मेश्राम नैमिषारण्य पहुंचे। इस दौरान उप निदेशक पर्यटन को विधायक सेवता ज्ञान तिवारी ने खूब खरी खोटी सुनाई। उन पर कार्यवाही की मांग भी की। गौरतलब है कि नैमिषारण्य में पर्यटन विभाग विकास कार्य करा रहा है। सेवता विधायक ज्ञान तिवारी के मुताबिक, पर्यटन विभाग द्वारा विकास कार्य के नाम पर बड़ी छावनी के मंदिर की बाउंड्रीवाल को क्षतिग्रस्त कर दिया गया। इतना हीं नहीं गुरु जी समाधि को भी नुकसान हुआ। जिसको लेकर सेवता विधायक ज्ञान तिवारी, मिश्रिख विधायक रामकृष्ण और बड़ी छावनी के महंत मनमोहन दास ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मिलकर शिकायत की। गंभीर प्रकरण में सीएम के आदेश पर सरकारी मशीनरी सक्रिय हो गई। प्रमुख सचिव पर्यटन मुकेश मेश्राम और जिलाधिकारी अभिषेक आनंद पहुंचे। मौका मुआयना किया। मिश्रिख विधायक और सेवता विधायक की खरी- खरी का सामना उप निदेशक पर्यटन कल्याण सिंह को करना पड़ा। इस दौरान बड़ी संख्या में महंत और इलाका वासी मौजूद रहे। विधायक बोले- क्या गोबर से बदबू आ रही विधायक सेवता ज्ञान तिवारी ने प्रोजेक्ट मैनेजर को बुलाया। देर से आता देख विधायक बिफर गए और कहा कि गोबर से बदबू आ रही है। इसी बीच कई महंतों ने प्रोजेक्ट मैनेजर और उप निदेशक पर्यटन कल्याण सिंह की कार्यशैली पर सवाल खड़े किये। विधायक ने प्रमुख सचिव पर्यटन से कहा कि महंत ने लोगों से दान पुण्य ले-लेकर कुण्ड बनवाया। उसमें शौचालय बनाने के लिए अधिगृहण कर लिया गया है। इतना ही नहीं मुख्य गेट पर भी ऐसी ही स्थिति अवरोध बनाकर उत्पन्न कर दी है। जिसको लेकर प्रमुख सचिव पर्यटन मुकेश मेश्राम ने सार्थक आश्वासन दिया।