शंकरपुर में विकास कार्य न कराए जाने से नाराज ग्रामीणों ने सोमवार को गांव में प्रदर्शन किया। ग्रामीणों का आरोप है कि गांव में जिम्मेदारों की अनदेखी के कारण समय से कोई विकास नहीं हो पा रहा है। प्रदर्शन करने वाले ग्रामीणों का आरोप था कि बरसात के समय में रास्ते में जलभराव की समस्या उत्पन्न हो जाती है। इससे निजात के लिए कई बार अधिकारियों से शिकायत भी की गई। इसके बाद भी समस्या का समाधान नहीं हो रहा है। ग्रामीण दिनेश कुमार वर्मा बताते हैं कि गांव में बरसात के दिनों में जल निकासी की समस्या बनी रहती है। गांव में बना पंचायत भवन भी जर्जर है। ननगोडे बताते हैं कि जो नालियां बनाई गई है वह रास्ते से ऊंची हैं। इससे रास्ते का पानी बरसात के दिनों में नाली में नहीं जा पता है। सैफू, राम सहेनी, तीरथराम गुप्ता का कहना है कि विकास कार्य के लिए कई बार ग्राम प्रधान से शिकायत की। इसके बाद भी ध्यान नहीं दिया जा रहा है। रामरूप का कहना है कि गांव में मनरेगा के तहत कराए जा रहे कार्यों में बाहरी मजदूरों व रोटावेटर चलाकर कार्य कराया जाता है। इससे लोगों को मनरेगा योजना का लाभ नहीं मिल पा रहा है। चिल्हरिया बघौड़ा मार्ग से गांव को जाने वाली पक्की सड़क जर्जर है, जिसकी मरम्मत पर ध्यान नहीं दिया जा रहा।