रसोई गैस के बाद शुक्रवार को जिले में पेट्रोल-डीजल की कमी की अफवाह फैल गई। इससे जिले के पेट्रोल पंपों पर भीड़ उमड़ पड़ी। इस दौरान कार, बाइक, ट्रैक्टर, स्कूली वाहन चालक अपनी टंकी फूल कराते दिखे। कुछ पेट्रोलपंप पर लोग बड़े स्टॉक में डीजल, पेट्रोल लेने के लिए पेट्रोलपंप पर पहुंचे दिखे। रानीपुर में कुछ युवक तो पिकप पर पानी की पांच टंकी को लेकर यहां डीजल लेने पहुंच गए थे। इसका असर यह रहा कि घोसी और कोपागंज में दो पेट्रोलपंप ड्राई हो गए। वहीं दो दिन के सापेक्ष शुक्रवार को 130 पेट्रोलपंपों पर डीजल, पेट्रोल 25 फीसदी तक अधिक बिक्री हुई।अफवाह के चलते भीड़ की स्थिति को देखते हुए कई पेट्रोलपंप पर पुलिसकर्मियों को तैनात कर नंबर लगाकर वाहन चालकों को पेट्रोल भरवाने की नसीहत देने की स्थिति आ पड़ी।उधर इस स्थिति को लेकर जिला पूर्ती अधिकारी ने वीडियो जारी कर जिले में सभी पेट्रोलपंपों पर पर्याप्त मात्रा में डीजल-पेट्रोल के स्टॉक को लेकर बयान जारी किया गया। खाड़ी में बढ़े युद्ध का असर दिखने लगा है।जहां बीते दस दिन से सिलिंडर गैस के लिए एजेंसियों में लंबी लाइन रोज लग रही है। शुक्रवार को डीजल-पेट्रोल खत्म होने की अफवाह फैल गई। देखते ही देखते सुबह छह बजे के बाद बाइक और चार पहिया वाहनों की लंबी कतारें पेट्रोल पंपों पर लग गईं। कई पेट्रोल पंपों पर भीड़ इतनी बढ़ गई कि दो पेट्रोलपंप संचालकों को ईंधन नहीं है के नोटिस चस्पा करने पड़े। कुछ स्थानों पर स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस बुलानी पड़ी। हंगामे के कारण पंपों पर काम करने वाले कर्मचारी भी इधर-उधर चले गए।शहर के कलेेक्ट्रेट मोड़, सहादतपुरा, बालनिकेतन तिराहा, भुजौटी, बलिया मोड़, अदरी सहित शहर के अन्य पेट्रोल पंपों पर अफरातफरी मच गई। सूचना पर जिला पूर्ती अधिकारी राघवेंद्र कुमार सिंह अपनी टीम सहित पहुंचकर पेट्रोल पंपों पर पहुंचकर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। लोगों को पर्याप्त ईंधन होने की जानकारी देते हुए अफवाहों से बचने की सलाह दी। घरों में डीजल पेट्रोल स्टॉक न करने की सलाह भी दी गई।