साढ़ थाना क्षेत्र के पहेवा गांव में आयोजित श्रीराम कथा के छठवें दिवस भक्ति की बयार बही। सुप्रसिद्ध कथावाचिका सर्वेश्वरी देवी ने बड़े ही मार्मिक ढंग से पुष्प वाटिका प्रसंग का वर्णन किया। उन्होंने बताया कि जब प्रभु श्रीराम गुरु विश्वामित्र की आज्ञा पाकर पुष्प लेने वाटिका पहुंचे, वहीं माता जानकी भी पूजा के लिए आई थीं। श्रीराम और जानकी एक-दूसरे को निहारते रह गए। यह द्रश्य भक्ति और प्रेम का अनूठा संगम था।