अक्सर देखा गया है कि वाहन चालकों को झपकी आने की वजह से एक्सीडेंट हो जाते हैं। वाहन चलाते समय नींद की समस्या से निपटने के लिए हाइवे पर दुर्घटना बाहुल्य क्षेत्रो के आसपास उभार वाली पीली पट्टियां या हल्के ब्रेकर बनाई जाती हैं। इन पीली पट्टियों से जब कोई वाहन गुजरता है तो पूरे वाहन में कम्पन्न होता है। ऐसे में अगर किसी वाहन चालक को नींद या झपकी आ रही होती है तो चालक का पूरा शरीर वाइब्रेट हो जाता है और इससे नींद या झपकी दूर हो जाती है। ऐसी ही पट्टियां मंधना से आईआईटी गेट के बीच दुर्घटना बाहुल्य क्षेत्र नारामऊ के आसपास देखने को मिली।