सरकार के नव निर्माण के नौ साल पूरे होने के पर मंगलवार को नवीन सभागार सरसैया घाट में उद्यमी और व्यापारी संगठनों की बैठक बुलाई गई। इस दौरान उद्यमी और व्यापार संगठनों ने उद्योगों और होटल-रेस्टोरेंट कारोबारियों को कॉमर्शियल सिलिंडर उपलब्ध कराने की मांग उठाई। बैठक की अध्यक्षता प्रभारी मंत्री योगेंद्र उपाध्याय को करनी थी लेकिन वो किसी कारण से आ नहीं सके। बैठक में फीटा के महासचिव उमंग अग्रवाल ने कहा कि मेटल के जितने भी उद्योग हैं। उसके निर्माण कार्य में गैस की आपूर्ति होनी चाहिए। अभी उपलब्धता न होने के कारण सारा काम बंद है। यदि मेटल उद्योग को गैस की आपूर्ति तत्काल नहीं दी गई तो आने वाले 10 से 15 दिनों में सभी उद्योगों के लिए एक गंभीर संकट होगा। उन्होंने सुझाव दिया कि कोविड काल की तर्ज पर उद्योगों को सहूलियत दी जाए। उद्यमी आदर्श अग्रवाल ने रिहायशी क्षेत्र में पीएनजी गैस की आपूर्ति और कनेक्शन तत्काल दिए जाने का सुझाव दिया। जिससे कि एलपीजी सिलिंडर पर लोड कम पड़े और उद्योगों को सप्लाई जारी की जा सके। उद्यमी अनिल कुमार चौरसिया ने नगर निगम की ओर से जारी हो रहे नोटिसों और कुर्की कार्रवाई की समस्या बताई। इस पर एडीएम डॉ राजेश कुमार ने बैठक से ही जोनल अधिकारी जोन 2 को ऐसी किसी भी कार्रवाई को न करने के निर्देश दिए। उद्यमी शिवकुमार गुप्ता ने सभी वाणिज्यिक उपभोक्ताओं को सिलिंडर उपलब्ध कराने की मांग रखी। ताकि खान-पान व अन्य व्यवसाय से जुड़े लगभग 5 लाख लोगों की जीविका का संकट खत्म किया जा सके। उत्तर प्रदेश युवा व्यापार मंडल के अध्यक्ष कपिल सब्बरवाल ने जीएसटी अफसरों की ओर से वाहन पकड़कर विभाग लाए जाने की समस्या रखी। आरके अग्रवाल, बृजेश अवस्थी ने समस्या समाधान के लिए नोडल अधिकारी नामित करने का सुझाव दिया। इस मौके पर उपायुक्त उद्योग जिला उद्योग प्रोत्साहन तथा उद्यमिता विकास केन्द्र अंजनीश प्रताप सिंह आदि मौजूद रहे।