गंगाघाट कोतवाली क्षेत्र के शंकरपुर-पिंडोखा मार्ग के मोड़ पर गुरुवार की सुबह तेज रफ्तार डंपर ने सामने से आ रहे ई-रिक्शा में टक्कर मार दी। ई-रिक्शा डंपर में फंसकर करीब तीन मीटर तक घिसटता चला गया। इस दुर्घटना में ई-रिक्शा चालक की मौके पर ही मौत हो गई। दुर्घटना से आक्रोशित ग्रामीणों ने डंपर चालक को पकड़कर जमकर पीटा। मुआवजे की मांग को लेकर सड़क पर शव रखकर लगभग दो घंटे तक हंगामा किया। इससे यातायात अवरुद्ध हो गया। हंगामे की सूचना मिलने पर कोतवाली समेत चार थानों की फोर्स मौके पर पहुंची। एसडीएम सदर व सीओ सिटी ने आश्वासन देकर आक्रोशित लोगों को शांत कराया। देवारा कलां निवासी आकाश (28) पुत्र पुशू गुरुवार को सुबह करीब छह बजे ई-रिक्शा में लकड़ी लादकर सहजनी तिराहे की ओर जा रहा था। शंकरपुर-पिंडोखा मार्ग के मोड़ पर पहुंचते ही सामने से तेज रफ्तार से आ रहे मौरंग लदे डंपर ने ई-रिक्शा में टक्कर मार दी। टक्कर लगने के बाद डंपर में फंसकर ई-रिक्शा करीब तीन मीटर तक घिसटता चला गया। डंपर से कुचलकर ई-रिक्शा चालक आकाश की मौके पर ही मौत हो गईं। डंपर चालक कूदकर भागने लगा तो ग्रामीणों ने उसे पकड़ लिया और जमकर पिटाई की। मौके पर पहुंची पीआरपी पुलिस ने चालक को किसी तरह से बचाकर एक कमरे में बंद कर दिया। उधर, परिजनों व ग्रामीणों ने शव सड़क पर रखकर मुआवजे की मांग को लेकर हंगामा करने लगे। हंगामे की सूचना मिलने पर गंगाघाट कोतवाली, थाना माखी, कोतवाली सदर व दही चार थानों के फोर्स के अलावा एसडीएम सदर क्षितिज द्विवेदी व सीओ सिटी दीपक यादव पहुंचे। परिजनों को मुआवजा दिलाए जाने का आश्वासन देकर शांत कराया। इस दौरान ग्रामीणों व परिजनों की पुलिस से नोक-झोंक भी हुई।