साल की अंतिम राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन शनिवार को जिलेभर की अदालतों में किया गया। उद्घाटन न्यायालय परिसर में जनपद न्यायाधीश कमलेश कच्छल ने किया। उन्होंने मां सरस्वती की प्रतिमा के सामने दीप प्रज्ज्वलन कर शुभारंभ किया। इस दौरान एडीजे व सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण शरद कुमार चौधरी और अन्य न्यायिक व बैंक के अधिकारी मौजूद रहे। लोक अदालत में आपसी सुलह से दो लाख 57 हजार से ज्यादा मामले निपटे। करीब 12 करोड़ का जुर्माना वसूला गया। उद्घाटन के दौरान जनपद न्यायाधीश ने कहा कि हमारा उद्देश्य अधिकतम मामलों का निस्तारण कराना है। विधिक सेवा प्राधिकरण के आंकड़ों के मुताबिक 2,57,610 वादों का निस्तारण किया गया, इनमें 247 वैवाहिक प्रकरण, 148 अन्य सिविल वाद, 9246 अन्य वाद शामिल रहे। इसके अलावा 8507 शमनीय आपराधिक वादों का निस्तारण किया गया। इस दौरान 11,96,28449 रुपये अर्थदंड के रूप में वसूल किए गए।