सदर कोतवाली में मौजूद लड़की को भगा ले जाने के आरोपी को घायल देख परिजनों ने हंगामा किया। उसकी मां, बहनों व भाभी ने कोतवाली के दरोगा पर चाकू मार घायल करने व एक लाख रुपये मांगने का आरोप लगाया। आरोपी को पांच दिन से कोतवाली में ही बैठाने का आरोप लगाया। मामले में बीते 20 मार्च को रिपोर्ट दर्ज हुई थी। वहीं, महिलाओं को देख दरोगा मौके से रफूचक्कर हो गए। सदर कोतवाली में बीते 20 मार्च को एक गांव निवासी लड़की को भगा ले जाने की रिपोर्ट अमिरता गांव निवासी पुष्पेंद्र के खिलाफ दर्ज की गई। बृहस्पतिवार को वह सदर कोतवाली में मिला। शाम करीब तीन बजे आरोपी की मां नवल देवी, भाभी प्रीति व उसकी बहनें कोतवाली पहुंचीं। उससे मिलने की जिद करने लगी। जैसे ही उन्होंने पुष्पेंद्र को को देखा तो सभी ने उससे लिपटकर चीखना, चिल्लाना शुरू कर दिया। आरोपी की मां ने आरोप लगाया कि दरोगा अनिल त्रिपाठी द्वारा एक लाख रुपये मांगे जा रहे थे। दरोगा पर बेटे को चाकू से मारकर घायल करने का आरोप लगाया। कोतवाल राकेश कुमार ने सभी को समझा बुझाकर शांत कराया, जबकि हंगामा देख दरोगा मौके से रफूचक्कर हो गया।