फिरोजाबाद के सिरसागंज के ग्राम अहमदपुर में 22 वर्षीय युवक विकास की लिंटर गिरने से मौत हो गई। परिजन ने इसे हादसा मानने से इन्कार करते हुए हत्या की आशंका जताई है और सोमवार देर रात तक शव को सड़क पर रखकर जमकर विरोध प्रदर्शन किया। मकान मालिक पर कार्रवाई व मुआवजे की मांग पर अड़े रहे। विकास शटरिंग का काम करता था। रविवार को वह वनखंडी रोड पर एक नए मकान की शटरिंग खोल रहा था। इसी दौरान लेंटर का एक हिस्सा उसके ऊपर गिर गया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। मकान मालिक अनुज उसे शिकोहाबाद के स्वास्थ्य केंद्र ले गए, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। सोमवार को पोस्टमार्टम के बाद जब विकास का शव परिजनों को मिला, तो उन्होंने कई सवाल उठाए। परिजनों का आरोप है कि लेंटर गिरने के बाद भी विकास के शरीर पर चोट के कोई निशान नहीं थे। इसके अलावा उनका कहना है कि घटना दोपहर 1 बजे हुई थी, जबकि उन्हें इसकी सूचना शाम 4 बजे दी गई। इन आरोपों के साथ विकास के परिजनों ने उसका शव सिरसागंज-कौरारा मार्ग पर रखकर जाम लगा दिया। जाम की सूचना मिलते ही क्षेत्राधिकारी अनिवेश कुमार और प्रभारी वैभव प्रताप सिंह पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने काफी देर तक परिजनों को समझाने का प्रयास किया, जिसके बाद जाम खुलवाया जा सका। हालांकि विकास की पत्नी जूली और भाई विनोद ने कहा कि जब तक पुलिस कड़ी कार्रवाई और निष्पक्ष जांच का आश्वासन नहीं देगी, तब तक वे शव का अंतिम संस्कार नहीं करेंगे। इसके चलते देर रात तक अंतिम संस्कार नहीं हो सका। सीओ अनिवेश कुमार सिंह ने बताया कि मामले में पीड़ित पक्ष को समझाने का प्रयास देर रात तक जारी रहा। पुलिस अपने स्तर से पूरे मामले की जांच भी कर रही है।