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खेती-किसानी: सोच-समझकर केला लगाएं...कोई दिक्कत लगे तो दौलतपुर आएं, प्रति एकड़ इतने लाख होती है आमदनी

प्रेम अवस्थी, बाराबंकी। यदि आप केला की खेती कर रहे हैं पर अपेक्षाकृत लाभ नहीं मिल रहा, या फिर केला की खेती करने इच्छुक हैं तो सोच-समझकर कदम बढ़ाएं। कोई दिक्कत लगे तो हरख ब्लॉक के दौलतपुर गांव जरूर आएं, यहां आपको कम लागत में केला बेहतर तरीके से उत्पादन का ज्ञान मुफ्त में मिलेगा। केला की फसल लगाने का उचित समय भी चल रहा है। ऐसे में यह खबर आपके लिए काफी लाभकारी हो सकती है। टिश्यू कल्चर केला के उत्पादन में बेहतर प्रदर्शन के कारण दौलतपुर के प्रगतिशील किसान राम सरन वर्मा को पद्मश्री सम्मान से वर्ष 2019 में तत्कालीन राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने नवाजा था। राम सरन वर्मा मौजूदा समय करीब 300 एकड़ में टिश्यू कल्चर केला की खेती करते हैं। 25 जून से 25 जुलाई तक करें केला की रोपाई पद्मश्री राम सरन वर्मा के अनुसार केला पौधों की रोपाई का उचित समय 25 जून से 25 जुलाई है। इस अवधि के बाद केला पौधों की रोपाई करने से अपेक्षाकृत लाभ नहीं मिलेगा। राम सरन ने बताया कि केला उसी खेत में रोपा जाए जो खेत समतल हो और उस खेत में जल जमाव न होता हो। गोबर की खाद खेत तैयार करने में डाले तो ज्यादा फायदा होगा। पौधे से पौधे की दूरी छह फिट राम सरन वर्मा के अनुसार केला के पौधे लगाने के समय ध्यान में रखना चाहिए कि पौधे से पौधे की दूरी व लाइन से लाइन की दूरी छह फिट होनी चाहिए। इससे केला का पौधा जब बड़ा होगा तो खेत में आवागमन में परेशानी नहीं होगी, पौधा भी अच्छी तरह से विकसित होगा। चार-पांच पत्तियों वाला पौधा रोपें राम सरन का कहना है कि टिश्यू कल्चर पौधे के चयन में भी बहुत सावधानी बरतने की जरूरत होती है। भारत देश में मात्र 36 पंजीकृत लैब हैं, जहां टिश्यू कल्चर केला का पौधा तैयार किया जाता है। अधिकांश लैब दक्षिण भारत के आंध्र प्रदेश व कर्नाटक में हैं, जहां से छोटे-छोटे पौधे लाने के बाद उन्हें ग्रीन नेट हाउस में उपयुक्त तापमान में विकसित किया जाता है। जो पौधा रोपा जाए उस पौधे की ऊंचाई नौ इंच व उसमें चार-पांच पत्ती होनी चाहिए। 14 माह में केला की फसल तैयार होती है। तीन से साढ़े तीन लाख प्रति एकड़ आमदनी पद्मश्री राम सरन वर्मा ने बताया कि केले की फसल से प्रति एकड़ करीब दो से ढाई लाख रुपये शुद्ध आमदनी होती है। एक एकड़ में एक लाख 20 हजार रुपये तक खर्च आता है। जिले में करीब पांच हजार किसान टिश्यू कल्चर केला की खेती करते हैं।

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