सरकार का ध्यान गांव की ओर है, इसलिए सारी सुविधाएं हम गांव में न सिर्फ कैम्प लगाकर बल्कि घर-घर जाकर उपलब्ध कराएंगे। उक्त बातें उपजिलाधिकारी सुनील कुमार ने सुशासन सप्ताह के दूसरे दिन पत्रकारों से कही। कहा कि किसान सम्मान निधि के लिए 600 से अधिक लोगों ने आवेदन किया था। सुशासन सप्ताह के पहले दिन ही 450 किसानों का किसान सम्मान निधि का आवेदन का निस्तारण करा दिया। 130 लोगों को फोन करके निस्तारण कराने की कोशिश की जा रही है। 166 किसानों ने वरासत के लिए आवेदन किया था। सभी किसानों का नाम खतौनी पर दर्ज करा दिया गया है। जिन गांवों में वरासत हुई है उक्त गांव में कैम्प लगाकर खतौनी वितरण किया जाएगा। ठंड से बचने के लिए शासन से एक हजार कम्बल प्राप्त हुआ है। उक्त कम्बल का पात्रों में वितरण कराया जा रहा है। पूर्ति निरीक्षण को भी आदेशित किया गया है कि जो राशन कार्ड नए बने है गांवों में कैम्प लगाकर वितरित किया जाए। सुशासन सप्ताह के दौरान हमारा लक्ष्य है कि आय, जाति, निवास, हैसियत आदि जो भी आवेदन आता है त्वरित निस्तारण किया जाए।