बागपत के सिसाना गांव में उस वक्त हड़कंप मच गया जब जिलाधिकारी अस्मिता लाल ने अचानक सफाई व्यवस्था का निरीक्षण शुरू कर दिया। गांव की गलियों में गंदगी के ढेर और लंबे समय से सफाई न होने की शिकायतों पर डीएम ने खुद झाड़ू उठाकर अभियान शुरू कर दिया। उनके इस कदम के बाद अधिकारी हरकत में आए और आनन-फानन में सफाई शुरू करवाई गई। निरीक्षण के दौरान ग्रामीणों ने बताया कि बीते पांच सालों से गांव में नियमित सफाई नहीं हो रही और कूड़ा-कचरा सड़कों पर फैला रहता है। इस पर डीएम ने डीपीआरओ को जमकर फटकार लगाई। डीपीआरओ दिव्यांग हैं, लेकिन इसके बावजूद डीएम ने कहा — “मुझे नहीं पता आप कैसे करोगे, लेकिन अब सफाई होनी चाहिए।” इसके बाद डीपीआरओ ने खुद मौके से सफाई शुरू करवाई। डीएम अस्मिता लाल ने वहां मौजूद अन्य अधिकारियों को भी नहीं बख्शा और कई को सख्त हिदायत दी कि अब लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी। उन्होंने कुर्सी पर बैठाकर एक कर्मचारी से कूड़ा भी साफ करवाया और साफ कहा कि जब तक काम ज़मीन पर नहीं दिखेगा, तब तक कार्रवाई होती रहेगी। ग्रामीणों ने डीएम के इस एक्शन की सराहना की और उम्मीद जताई कि अब गांव की तस्वीर बदलेगी।