श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र के महासचिव चम्पत राय ने कहा कि अयोध्या केवल प्राचीन नगर ही नहीं, बल्कि हिन्दू परंपराओं का प्रमुख केंद्र भी रही है। उन्होंने यह बातें इंडियन मेडिकल एसोसिएशन कानपुर के 50 सदस्यीय डॉक्टरों के दल को संबोधित करते हुए कहीं। शहर के अमानीगंज स्थित होटल के सभागार में आयोजित कार्यक्रम में उन्होंने श्रीराम जन्मभूमि विवाद के ऐतिहासिक और कानूनी पहलुओं पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि यह केवल भूमि का विवाद नहीं, बल्कि स्वाभिमान और सांस्कृतिक पहचान की लड़ाई थी। 1949 से शुरू हुई न्यायिक प्रक्रिया ने अंततः सत्य को स्थापित किया। डॉक्टरों ने पूरे व्याख्यान को उत्सुकता के साथ सुना और कई महत्वपूर्ण जानकारियां हासिल कीं। इससे पहले दल ने राम जन्मभूमि, हनुमानगढ़ी, दशरथ महल और कनक भवन के दर्शन कर सरयू आरती में भाग लिया। कार्यक्रम का संयोजन डॉ. वीसी रस्तोगी ने किया, जबकि संचालन डॉ. शालिनी मोहन ने किया। इस अवसर पर आईएमए अध्यक्ष डॉ. अनुराग मेहरोत्रा सहित कई चिकित्सक मौजूद रहे।