अयोध्या में राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में एक नया मोड़ आ गया है। सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में नए सिरे से एसआईटी गठित करने का आदेश जारी किया है। नई टीम में केवल आईपीएस अधिकारी शामिल होंगे। रामनगरी के साधु संतों ने सुप्रीम कोर्ट के इस निर्णय को सही बताया है और कहा है कि इससे जांच का दायरा बढ़ सकता है। संतों ने कहा कि एसआईटी की टीम ने जो अभी तक जांच की है वह भी संतोषजनक है। जो दोषी पर पाए गए हैं उनके खिलाफ कार्रवाई हो रही है। अब सुप्रीम कोर्ट के निर्देश से गठित टीम इस मामले में और तह तक जाएगी, निश्चित रूप से पूरे मामले में न्याय होगा। निर्मोही अखाड़ा के पंच श्यामदास निर्मोही, महंत विवेक आचारी, जगदगुरु परमहंसाचार्य ने एक स्वर में कहा कि जांच पूरी तरीके से निष्पक्ष होनी चाहिए। इस निर्णय ने विपक्षियों के मुंह बंद करने का काम किया है जो अब तक हुई जांच पर सवाल उठा रहे थे। संतो ने साफ कहा है कि इस पूरे मामले में जो दोषी हैं उनको बेवजह न फसाया जाए, संतों ने चंपत राय को भी निर्दोष बताया है।