सावन के दूसरे सोमवार को भगवान भोलेनाथ का जलाभिषेक करने के लिए रामनगरी अयोध्या में कांवड़ियों का आगमन शुरू हो चुका है। अलग-अलग वाहनों से गाजे-बाजे के बाद केसरिया बाना में आ रहे श्रद्धालु गण भोर में नागेश्वर नाथ मंदिर में आराध्य का जलाभिषेक करेंगे। पुनः सरयू जल लेकर अपने गंतव्य की ओर प्रस्थान करेंगे। कांवड़िया श्रद्धालुओं की मुख्य भीड़ त्रयोदशी पर्व (प्रदोष) को लेकर होगी। त्रयोदशी का मुख्य पर्व 10 अगस्त को मनाया जाएगा। इस पर्व पर आराध्य का जलाभिषेक करने से सरयू जल लेने कांवड़ यात्रियों का आगमन होगा। इस भीड़ के आवागमन को ध्यान में रखकर शनिवार की मध्य रात्रि 12 बजे के बाद हाइवे पर भारी वाहनों के डायवर्जन की व्यवस्था लागू कर दी जाएगी जो कि 11 अगस्त को भीड़ की स्थिति के अनुसार बहाल की जाएगी। क्षेत्राधिकारी आशुतोष तिवारी ने बताया कि फिलहाल शनिवार को सुबह से अयोध्या मेला क्षेत्र के आंतरिक मार्गों पर डायवर्जन की व्यवस्था को लागू किया गया है।