मेरठ में हुए दलित युवती के अपहरण और मां की हत्या के मामले में पीड़ित परिवार से मिलने जा रहे किसानों को पुलिस ने रोक लिया। इस दौरान पुलिस के साथ जमकर नोकझोंक हुई। जमकर हंगामा हुआ। पुलिस ने उन्हें रोक लिया। किसानों ने पुलिस पर मनमानी करने का आरोप लगाया। भारतीय किसान यूनियन बीआर आंबेडकर के राष्ट्रीय अध्यक्ष डा.दिग्विजय सिंह भाटी के नेतृत्व में किसान एवं अन्य सामाजिक लोग शनिवार की दोपहर को मेरठ के ग्राम कपसाढ दलित परिवार के साथ हुई दुखद घटना में शमिल होने जा रहे थे। इसी बीच ने संगठन के कार्यालय के पास ही किसानों को रोक लिया। इस दौरान पुलिस के साथ जमकर नोकझोंक हुई। इस दौरान डॉ दिग्विजय भाटी ने कहा कि शांतिपूर्वक ढंग से मेरठ जा रहे थे, लेकिन पुलिस ने रोका है। यह पुलिस और प्रशासन के द्वारा मनमानी की जा रही है। दलित परिवार को न्याय मिलना चाहिए। उनके परिवार के में एक सरकारी नौकरी एवं उचित मुआवजा मिलना चाहिए। आरोपियों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। मौके पर अरविंद जाटव, सूरजपाल जाटव, जफर राजा, डॉ अफसर अली, गपलू पहलवान, रूम सिंह खड़गवंशी, असलम गाजी, सोनू गुर्जर, नसीम बंजारा, विजय सैनी, कुलदीप भारती आदि मौजूद रहे।