पुडुचेरी के बाद उत्तराखंड में नकली दवा बनाने का काला कारोबार हो रहा है। औषधि विभाग को श्री मेडिकल एजेंसी की जांच में इसके साक्ष्य मिले हैं। इस फर्म ने आगरा और कानपुर में भी संदिग्ध दवाएं बेची हैं। औषधि विभाग ने इसकी रिपोर्ट उत्तराखंड और कानपुर भेजकर जांच करने के लिए कहा है। सहायक आयुक्त औषधि अतुल उपाध्याय ने बताया कि नामी कंपनी ने ब्रांड के नाम पर नकली दवा की बिक्री की शिकायत की थी। इसके बाद छापा मारा गया।फव्वारा स्थित श्री मेडिकल एजेंसी से नामी कंपनी की ऑक्सलजिन डीपी के चार बैच, सेटिजन और प्रीमोल्ट एन टैबलेट संदिग्ध मिली थीं। नकली प्रतीत होने पर इनके नमूने जांच के लिए भेजे गए हैं। पूछताछ में आगरा-कानपुर में ये दवाएं बेचे जाने की जानकारी मिली। इसके बाद द्वारिकाधीश मेडिकल एजेंसी से ऑक्सलजिन डीपी की एक बैच की करीब 16 हजार टैबलेट जब्त कीं।