फगवाड़ा के हदियाबाद में श्रीमद्भागवत कथा का आयोजन किया गया। शिव सेना पंजाब के वरिष्ठ नेता इंद्रजीत करवल इस अवसर पर विशेष तौर पर शामिल हुए तथा कथा का आनंद लिया। इस अवसर पर कथावाचक रितेश कृष्ण दास ने भक्तों को श्रीकृष्ण-रुक्मणी विवाह का प्रसंग सुनाया गया। कथा में भगवान का मथुरा प्रस्थान, कंस का वध, महर्षि संदीपनी के आश्रम में विद्या ग्रहण करना, कालयवन का वध, उधव गोपी संवाद, ऊधव द्वारा गोपियों को अपना गुरु बनाना, द्वारका की स्थापना एवं रुक्मणी विवाह के प्रसंग का संगीतमय भावपूर्ण पाठ किया गया। कथा के दौरान रितेश दास ने कहा कि महारास में भगवान श्रीकृष्ण ने बांसुरी बजाकर गोपियों का आह्वान किया और महारास लीला के द्वारा ही जीवात्मा परमात्मा का मिलन हुआ। जीव और ब्रह्म के मिलने को ही महारास कहते है। इस अवसर पर कथावाचक रितेश कृष्ण दास ने इंद्रजीत करवल व अन्य श्रद्धालुओं को सिरोपा देकर सम्मानित किया ।