बॉलीवुड अभिनेता सोनू सूद अपने पैतृक शहर मोगा पहुंचे, जहां उन्होंने जरूरतमंद परिवारों से मुलाकात कर उनके हालचाल जाने। इस दौरान उनकी बहन मालविका सूद भी उनके साथ मौजूद रहीं। वर्ष 2025 में बरसात के दौरान आई भीषण बाढ़ ने पंजाब, विशेषकर मोगा और आसपास के कई जिलों में भारी तबाही मचाई थी। लगातार बारिश के कारण अनेक गांवों में कच्चे मकान ढह गए थे और सैकड़ों परिवार बेघर हो गए थे। उस कठिन समय में सोनू सूद और मालविका सूद ने प्रभावित गांवों का दौरा कर लोगों की हरसंभव मदद की थी। इसी दौरान सोनू सूद ने "छत तुहाडी, जिम्मेदारी साडी" अभियान की शुरुआत की थी। उन्होंने बाढ़ पीड़ित परिवारों से वादा किया था कि जिन लोगों के सिर से छत छिन गई है, उन्हें दोबारा रहने के लिए पक्का घर उपलब्ध कराया जाएगा। सूद फाउंडेशन ने अपने इस वादे को निभाते हुए पिछले एक वर्ष के दौरान मोगा और आसपास के जिलों में करीब 180 जरूरतमंद परिवारों के लिए नए पक्के घर बनवाकर तैयार किए हैं। बरसात का मौसम शुरू होने से पहले इन परिवारों को उनके नए आशियाने सौंप दिए गए, जिससे उन्हें सुरक्षित आवास मिल सका। इन लाभार्थियों में अधिकांश ऐसे परिवार शामिल हैं, जिनकी आर्थिक स्थिति बेहद कमजोर थी और जिनके लिए अपने दम पर दोबारा घर बनाना लगभग असंभव था। सूद फाउंडेशन की इस पहल ने उनके जीवन में नई उम्मीद जगाई है। नया घर मिलने पर कई परिवार भावुक हो उठे और उन्होंने सोनू सूद तथा मालविका सूद का आभार व्यक्त किया। सामाजिक सेवा के क्षेत्र में लगातार सक्रिय सोनू सूद ने एक बार फिर यह साबित किया कि वे केवल पर्दे के ही नहीं, बल्कि वास्तविक जीवन में भी जरूरतमंद लोगों के लिए मसीहा बनकर खड़े हैं। उनकी इस पहल से सैकड़ों परिवारों को नया जीवन और सुरक्षित आशियाना मिला है।