महाराष्ट्र में मूल शिवसेना के लिए उद्धव ठाकरे गुट और सीएम शिंदे गुट के बीच लगातार लड़ाई जारी है। वहीं सोमवार को इस मामले पर चुनाव आयोग ने गुटों की दलीलें सुनने के लिए अगली तारीख पांच जनवरी तय की है। सुनवाई के दौरान दोनों गुटों के वकीलों ने पार्टी के नाम और चिन्ह पर दावा करने के लिए प्रतिद्वंद्वी गुटों द्वारा प्रस्तुत दस्तावेजों की जांच करने के लिए और समय मांगा। ठाकरे गुट की तरफ से कपिल सिब्बल और शिंदे गुट की ओर से महेश जेठमलानी चुनाव आयोग के समक्ष पेश हुए। सोमवार को दोनों ही पक्षों ने चुनाव आयोग से इस मामले में और अधिक समय की मांग की। इसे ध्यान में रखते हुए चुनाव आयोग ने सुनवाई को अगले साल जनवरी के पहले हफ्ते तक टाल दिया। बताया जा रहा है कि पार्टी के चुनाव चिह्न से संबंधित विवाद ठोस सुनवाई के चरण में पहुंच गया है।