रक्षाबंधन पर्व पर भद्रा आने से लोगों में भ्रम की स्थिति निर्मित हो रही है। लोगों को यह समझ नहीं आ रहा है कि आखिर भद्रा होने के कारण इस पर्व को कब मनाया जाए और इस दिन किस समय रक्षाबंधन मनाने से शुभ फल की प्राप्ति होगी, लेकिन वागर्थ सेवा संस्थान के आचार्य अखिलेश महाराज ने बताया कि कोई भी पर्व भ्रम से नहीं ज्ञान से मनाना चाहिए। भद्रा का वास पाताल में होता है, लेकिन सोमवार के दिन भद्रा शुभ फल प्रदान करती है। आज के दिन मकर का चंद्रमा होने से शुभ फल की प्राप्ति तो होगी ही इसके साथ ही इससे धन का आगमन भी होगा। भद्रा पुण्य फल प्रदान करने वाली है इसीलिए भ्रम को हटाए और रक्षाबंधन पर धूमधाम से मनाएं।