परिवर्तन चौक पर विश्व खाद दिवस से पहले पीपल फॉर द एथिकल ट्रीटमेंट ऑफ़ एनिमल्स इंडिया के समर्थकों और आश्रय फाउंडेशन की तरफ से चारकोल पर खून से लथपथ और झुलसी हुई ग्रिल पर भूनी जाती हुई युति को दिखाया गया है जिसके द्वारा लोगों को यह संदेश दिया गया है कि सभी पशु जिसमें इंसान भी शामिल है मांस से बने होते हैं। हम सभी दर्द और भावनाओं को महसूस करते हैं। मांस खाना संवेदनशील जीवों का शव खाना है। जो अपनी जिंदगी को महत्व देते हैं और मारना नहीं चाहते इसलिए इंडिया अपील करता है कि किसी पशु का मांस खाने की बजाय पोषण से भरपूर स्वादिष्ट व्यंजन भोजन को चुनें।