विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर The Institution of Engineers (India) में आयोजित सेमिनार में पर्यावरण संरक्षण और सतत विकास पर चर्चा की गई। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए डॉ. ए.के. गुप्ता ने कहा कि विकास की दौड़ में पर्यावरण की अनदेखी नहीं की जा सकती। उन्होंने कहा कि समाज को ऐसी विकास नीतियों की ओर बढ़ना होगा, जिनमें आर्थिक प्रगति के साथ पर्यावरण संरक्षण भी सुनिश्चित हो। प्राकृतिक संसाधनों का संतुलित उपयोग और हरित तकनीकों को अपनाना समय की आवश्यकता है। डॉ. गुप्ता ने कहा कि आने वाली पीढ़ियों के लिए स्वच्छ वातावरण छोड़ना हम सभी की जिम्मेदारी है। इसके लिए वृक्षारोपण, ऊर्जा संरक्षण, जल बचत और प्रदूषण नियंत्रण जैसे उपायों को जन आंदोलन का स्वरूप देना होगा। सेमिनार में उपस्थित विशेषज्ञों, इंजीनियरों और छात्रों ने भी पर्यावरणीय चुनौतियों तथा उनके समाधान पर अपने विचार साझा किए और सतत विकास के प्रति प्रतिबद्धता जताई।