सोलन जिले के अस्पतालों में हड़ताल के चलते चिकित्सक सुबह 9:30 से 12:00 बजे तक ओपीडी में नहीं बैठे। इससे मरीजों को भारी परेशानी झेलनी पड़ी। मरीजों को केवल आपातस्थिति में उपचार की सुविधा मिल रही है। इससे पहले चिकित्सक अस्पतालों में काले बिल्ले लगाकर सेवाएं दे रहे थे। लेकिन चिकित्सकों को 13 फरवरी को सरकार के साथ हुई बैठक का एजेंडा नहीं मिलने पर अब उन्होंने पेन डाउन स्ट्राइक का निर्णय लिया है। प्रदेश जिला चिकित्सा संघ के अध्यक्ष डॉ. कमल अटवाल ने बताया कि उनकी मुख्य पांच मांगें हैं। इसमें एनपीए को बहाल करना प्रमुख मांग है। संघ ने मांग की है कि स्वास्थ्य निदेशक को डिप्टी मिशन निदेशक के पद से हटाया जाए क्योंकि संघ को यह मान्य नहीं है कि स्वास्थ्य निदेशक किसी अन्य निदेशक के अधीनस्थ कार्य करें।