उपमंडल रामपुर के निचले क्षेत्रों में बागवान प्लम की प्रूनिंग कार्य में जुटे हुए हैं। कई क्षेत्रों में प्लम के पेड़ों की काट-छांट के कार्य ने रफ्तार पकड़ ली है। बागवान बगीचों को संवार रहे हैं। निचले क्षेत्रों में प्लम बागवानों की मुख्य आमदनी है और बागवान प्लम की विभिन्न किस्मों के बगीचे तैयार कर आर्थिकी मजबूत कर रहे हैं। रामपुर उपमंडल के राजपुरा, खनोटू, स्विचयार्ड, खखरोला, नोगली, तलाई, दत्तनगर, निरसू, कोटगढ़, भद्राश, रचोली, रतनपुर और गसो सहित कई अन्य निचले क्षेत्रों में बागवानों ने प्लम के पेड़ों की काट-छांट का कार्य शुरू कर दिया है। पेड़ों की प्रूनिंग के बाद बागवान पेस्टिंग का कार्य शुरू करेंगे, जिससे पेड़ों को कैंकर रोग से बचाया जा सके। वहीं, बारिश आने के बाद बगीचों में तौलिये बनाने का कार्य शुरू किया जाएगा। प्रदेश में सेब के बाद निचले क्षेत्रों में प्लम बागवानों की मुख्य फसल है। सेब के साथ अब प्लम के बगीचे तैयार कर लोअर बेल्ट के बागवान अपनी आर्थिकी मजबूत कर रहे हैं।