पंडित दीनदयाल उपाध्याय के व्यवहारिक विचारों पर शोध करके लिखी गई पुस्तक अंतोदय के व्यवहारिक प्रयोग का मंगलवार को मंडी में पूर्व सीएम एवं नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने विमोचन किया। समारोह में केंद्रीय विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. एसपी बंसल भी विशेष रूप से मौजूद रहे। जयराम ठाकुर ने कहा कि पंडित दीनदयाल उपाध्याय ने समाज को जो विजन दिया था उस पर बहुत सी संस्थाएं आगे बढ़ रही हैं। उनके इस विजन से समाज के उत्थान में अमूल्य योगदान मिल रहा है। उसी विजन पर शोध करके डा. चेतन सिंह गुलेरिया ने जो पुस्तक लिखी है उसके माध्यम से भी समाज को लंबे समय तक पंडित दीनदयाल जी का विजन मिलता रहेगा। उन्होंने इसके लिए डा. चेतन सिंह गुलेरिया को बधाई दी। समारोह में विशेष रूप से शामिल हुए केंद्रीय विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. एसपी बंसल ने बताया कि विश्वविद्यालय में पंडित दीनदयाल उपाध्यक्ष शोधकेंद्र को स्थापित किया गया है। इसी शोध केंद्र के माध्यम से डा. चेतन ने शोध करके इस पुस्तक को लिखा है। इस मौके पर उन्होंने विश्वविद्यालय की तरफ से जयराम ठाकुर के माध्यम से आपदा प्रभावितों को तीन लाख की राहत राशि के चैक भी बांटे। डॉ. चेतन सिंह गुलेरिया ने बताया कि उन्होंने अपनी इस पुस्तक को समाज के तीन वंचित वर्गों पर शोध करके लिखा है जिसमें निराश्रित, घुमंतू और सफाई करने वाले शामिल हैं। यह लोग कैसे अपना जीवन यापन करते हैं और सरकार की कितनी योजनाएं इन तक पहुंच पाती हैं उन्हीं सब व्यवहारिक पक्षों पर यह पुस्तक आधारित है।