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Video: जयराम ठाकुर बोले- चुनाव को प्रभावित करने के लिए कैबिनेट में लिए फैसले, सीएम की हो रही फजीहत

Krishan Singh Updated Sat, 23 May 2026 04:29 PM IST

नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू और प्रदेश सरकार पर जुबानी हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि सुक्खू सरकार चुनाव को प्रभावित करने के लिए नए-नए हथकंडे अपना रही है। जयराम ठाकुर ने एक कांग्रेस नेता का जिक्र करते हुए कहा कि पहले भी मुख्यमंत्री सुक्खू को साजिश और षड्यंत्र करने वाला बताया गया था। प्रदेश सरकार को नियमों और कानूनी प्रावधानों के तहत शासन चलाना चाहिए। मौजूदा हालात में सरकार को हर मोर्चे पर आलोचना का सामना करना पड़ रहा है। आए दिन हाईकोर्ट और सुप्रीम कोर्ट से सरकार को झटके लग रहे हैं। कार्यप्रणाली और फैसलों को लेकर मुख्यमंत्री की लगातार फजीहत हो रही है। मंडी में आयोजित प्रेस वार्ता में जयराम ठाकुर ने कहा कि प्रदेश सरकार साढ़े तीन साल में अपनी गारंटियां पूरी नहीं कर पाई, लेकिन चुनाव के दौरान दो लाख रुपये से कम आय वाली महिलाओं को 1500 रुपये देने का कैबिनेट फैसला लिया गया। उन्होंने इसे सीधे तौर पर आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन बताया। उन्होंने कहा कि कैबिनेट बैठक में ऐसे कई फैसले लिए गए हैं, जिनका उद्देश्य चुनावों को प्रभावित करना है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री सुक्खू चुनाव टालने से लेकर जनादेश को अपने पक्ष में करने तक हर तरह के प्रयास कर रहे हैं। शहरी निकाय में निर्दलीय जीते प्रत्याशियों को विजिलेंस जांच, ट्रांसफर करवाने की धमकी दी जा रही है। कहा कि सभी मसलों को लेकर भाजपा चुनाव आयोग के समक्ष शिकायत दर्ज करवाएगी। कहा कि मुख्यमंत्री सुक्खू ने सदन में विधवाओं और अनाथ बच्चों के नाम पर डीजल और पेट्रोल पर पांच रुपये सेस लगाने का विधेयक लाया था, जिसको लेकर सरकार की व्यापक आलोचना हुई। उन्होंने कहा कि बाद में मुख्यमंत्री ने इसे लंबित करने की बात कही थी, लेकिन अब जानकारी मिल रही है कि सरकार फिर से यह सेस वसूलने की तैयारी कर रही है। आरोप लगाया कि इस राशि का उपयोग विधवाओं और अनाथ बच्चों के कल्याण के बजाय सरकार चलाने के लिए किया जाएगा। जयराम ठाकुर ने कहा कि सरकार की यह कार्यप्रणाली उसकी घटिया मानसिकता को दर्शाती है। उन्होंने मेडिकल कॉलेजों में प्रोफेसरों के कार्यकाल बढ़ाने के फैसले पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि सरकार अपनी वित्तीय देनदारियों को आगे खिसकाने का प्रयास कर रही है।

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