झंडूता उपमंडल के बरठीं स्थित कृषि विज्ञान केंद्र में एकीकृत नाशीजीव प्रबंधन विषय पर आयोजित दो दिवसीय मानव संसाधन विकास प्रशिक्षण कार्यक्रम का बुधवार को समापन हो गया। कार्यक्रम में क्षेत्र के किसानों ने भाग लिया। इस दौरान सोलन से पहुंचे विशेषज्ञों ने किसानों को फसलों में लगने वाले कीटों और बीमारियों की रोकथाम के साथ-साथ एकीकृत नाशीजीव प्रबंधन के विभिन्न तरीकों की जानकारी दी। प्रशिक्षण के दौरान विशेषज्ञों ने किसानों को खेती में वैज्ञानिक तकनीकों को अपनाने, फसलों को कीटों से बचाने और नाशीजीवों के प्रभावी प्रबंधन के उपायों के बारे में विस्तार से बताया। उन्होंने किसानों के साथ अपने अनुभव साझा करते हुए फसलों की सुरक्षा के लिए उचित प्रबंधन तकनीकों के उपयोग पर जोर दिया। कार्यक्रम का उद्देश्य किसानों को वैज्ञानिक खेती के प्रति जागरूक करना और कृषि उत्पादन बेहतर बनाने के लिए आवश्यक जानकारी उपलब्ध करवाना रहा। इस अवसर पर सोलन से तकनीकी सहायक राकेश सोनी, सहायक वनस्पति संरक्षण अधिकारी आयुष लाल दास और वनस्पति संरक्षण अधिकारी विवेक उप्पार विशेष रूप से उपस्थित रहे। उन्होंने किसानों को नाशीजीव प्रबंधन से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियां दीं।