अंतरराष्ट्रीय बालिक दिवस पर सोसायटी फॉर एजुकेशन एंड वेलफेयर एक्टिविटिज सेवा संस्था ने स्लम बस्ती नारनौल में बच्चे-बच्चियों के लिए एक जागरुकता कार्यक्रम का आयोजन किया जिसमें सेवा संस्था द्वारा संचालित एक्सैस टू जस्टिस प्रोग्राम फॉर चिल्ड्रन परियोजना के प्रतिनिधियों ने भी भाग लिया। कोऑर्डिनेटर कुसुम ने बताया कि कार्यक्रम में स्थानीय बच्चे-बच्चियों को बालिकाओं की विशेषओं के अलावा उनको सेफ-टच अनसेफ-टच, चाइल्ड हेल्पलाइन नम्बर के अलावा बाल विवाह व बाल श्रम जैसे जघन्य अपराधों के बारे जागरुक किया। बच्चों ने तरह तरह की नृत्य, गायन, कविताओं व अन्य प्रतिभाओं का प्रदर्शन किया। सामाजिक कार्यकता केला देवी ने बताया बाल श्रम या बाल तस्करी में फसें बच्चों को तस्करी से मुक्त करवाने का अभियान सेवा संस्था द्वारा चलाया जा रहा है। कोऑर्डिनेटर ने बताया कि बाल अधिकारों की सुरक्षा व बाल विवाह के खात्मे के लिए कार्यरत सेवा संस्था दिवाली से 26 जनवरी 2026 तक बाल विवाह के खिलाफ एक सघन और व्यापक अभियान चलाएगी। इस कार्यक्रम में परियोजना स्टॉॅफ हेमंत शर्मा, मोहित कुमार व हेमंत सैनी ने विशेष रुप से भाग लिया।