हिसार के आजाद नगर स्थित गीता कॉलोनी निवासी दंपती 40 दिन से गुमशुदा बेटी का कोई सुराग नहीं लगने पर वीरवार को दो बच्चों के साथ लघु सचिवालय में धरने पर बैठ गया। हाथ में जस्टिस मी का पोस्टर लिया बैठे दंपती की परेशाानी को हर आने जाने वाला समझने की कोशिश कर रहा था, लेकिन किसी अधिकारी ने ध्यान नहीं दिया। पीड़ितों ने कहा, बेटी के मिलने तक वह धरने पर बैठे रहेंगे। धरने पर बैठे गीता कॉलोनी निवासी सुनील कुमार ने बताया कि 29 सितंबर को उसकी 16 साल की बेटी लापता हो गई थी। आजाद नगर थाने में शिकायत देकर गुमशुदगी दर्ज कर्रवाई, लेकिन पुलिस अब तक नहीं ढूंढ़ पाई है। ऐसे में वह पत्नी और दो बच्चों को साथ लेकर धरने पर बैठा है। उसने बताया कि वह गाड़ी चलाता है। बेटी नौवीं कक्षा तक पढ़ी है। एक साल से घर पर थी। 29 सितंबर की सुबह 6 बजकर 10 मिनट पर वह घर से निकली। मुख्य सड़क पर एक ऑटो में बैठी और कहीं चली गई। पुलिस को सीसीटीवी कैमरे की फुटेज भी दे दी, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं की। एक लड़के पर शक जताया है, लेकिन पुलिस ने उससे पूछताछ तक नहीं की। पुलिस अधिकारियों ने बातचीत के लिए बुलाया था पर कोई ठोस जवाब नहीं मिला। उधर, थाना पुलिस के मुताबिक एफआईआर दर्ज की है। किशोरी की तलाश की जा रही है। किशोरी के पास कोई फोन भी नहीं है। आसपास के क्षेत्र की फुटेज भी खंगाली है।