एडीजीपी पूरण कुमार की आत्महत्या मामले में न्याय की मांग को लेकर नगर पालिका कर्मचारी संघ ने बुधवार को विरोध मार्च निकाला। कर्मचारियों ने एचएयू गेट नंबर चार के सामने एकत्र होकर जनसभा की। इसके बाद लघु सचिवालय तक रोष मार्च निकाला।नगर पालिका कर्मचारी संघ के सदस्यों ने नारेबाजी करते हुए आक्रोश जताया। लघु सचिवालय के गेट पर प्रदर्शनकारियों को रोकने के लिए दोनों गेट बंद कर दिए गए। भारी संख्या में पुलिस बल गेट पर तैनात किया गया। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि एडीजीपी वाई पूरण कुमार की प्रताडऩा के कारण आत्महत्या मामले में दोषियों की गिरफ्तारी व अनुसूचित जाति जनजाति अत्याचार अधिनियम के तहत कार्रवाई की मांग की। बसपा की मुख्य मांगों में डीजीपी शत्रुजीत कपूर, एसपी नरेन्द्र बिजारणिया एवं नामजद अधिकारियों की तत्काल गिरफ्तारी की जाए। मुकदमा अनुसूचित जाति/जनजाति अत्याचार निवारण अधिनियम तथा बीएनएस की धारा 112 के तहत चलाया जाए। इस मामले की निगरानी उच्चतम न्यायालय या राष्ट्रीय अनुसूचित जाति आयोग से कराई जाए। कांग्रेस ओबीसी सेल के पूर्व उपाध्यक्ष सुभाष वर्मा ने आईपीएस वाई पूर्ण कुमार के मामले में न्यायिक जज अथवा सीबीआई की जांच की मांग है सात दिनों से पोस्टमार्टम नहीं हुआ है आईपीएस अधिकारी के परिजन न्याय की गुहार है जिन अधिकारियों के एफआईआर में नाम दर्ज करके उन्हें जल्द से जल्द उन्हें खिलाफ कार्यवाही की जानी चाहिए। सरकार उन्हें न्याय नहीं दे रही है यह हरियाणा सरकार की नाकामी है इतने दिन बीत जाने के बाद भी आरोपियों की गिरफ्तारी नही हुई है।