सोनीपत के गोहाना के गांव कोहला के खेतों में बुधवार को भारी संख्या में पुलिस बल की तैनाती के बीच तेल सप्लाई के लिए पाइप लाइन बिछाने का काम जारी है। साथ ही किसान अपनी मांगों को लेकर धरने पर बैठे हुए है। किसान महापंचायत की बैठक जारी है, जिसके बाद ही किसान आगामी कार्रवाई का फैसला लेंगे। पुलिस व महिलाओं के बीच मंगलवार को झड़प हुई थी, जिस कारण से प्रशासन ने मौके पर भारी पुलिस बल तैनात किया है। गांव कोहला व आसपास के करीब पांच गांव के खेतों में तेल कंपनी गुजरात से पानीपत रिफाइनरी तक तेल की सप्लाई पहुंचाने के लिए पाइप लाइन बिछाने का कार्य कर रही है। कई गांव के खेतों में पाइप लाइन बिछ चुकी है। भारतीय किसान कामगार अधिकार मोर्चा के अध्यक्ष सितेंद्र लोहचब ने बताया कि किसानों की मुख्य तौर पर तीन मांगे है। सरकार किसानों के साथ धक्का कर रही है। पहली मांग कि सरकार किसानों को मार्केट रेट पर मुआवजा दें। उन्होंने बताया कि किसानों को 10 फीसदी से बढ़ाकर मुआवजा दिया जाए। तीसरे मांग जिस किसान का जमीन पर मालिकाना हक है, उसी के बैंक खाते में रुपये डाले जाए। किसान के सारे परिवार के खातों में रुपये डाल दिए गए है, जिससे आपसी झगड़े भी हो रहे हैं। उन्होंने बताया कि किसान शांतिपूर्ण धरना कर रहे हैं। साथ ही महापंचायत की बैठक के बाद ही आगामी फैसला लिया जाएगा। अगस्त माह से किसान गांव कोहला के खेत में काम बंद करवाकर धरना दे रहे हैं। इस बीच कई बार किसानों व अधिकारियों के बीच बातचीत भी हुई है, लेकिन कोई समाधान नहीं निकला है।