प्रदेश सरकार की ओर से क्षतिपूर्ति पोर्टल पर फसल खरीफ खराबा वेरिफिकेशन के कार्य में निलंबित किए पटवारियों के पक्ष में पटवारियों ने सोमवार को लघुसचिवालय के बाहर सांकेतिक धरना दिया। द रेवेन्यू पटवार कानूनगो एसोसिएशन के प्रधान सुरेश कुमार ने बताया कि एक ही फोटो कई बार अलग-अलग खसरा नंबर पर अपलोड की थी, जिस कारण प्रदेश सरकार के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने प्रदेश के 6 पटवारियों को निलंबित कर दिया। प्रधान सुरेश कुमार ने बताया कि जबकि सच्चाई यह है कि यह प्रकिया राज्य के सभी पटवारी से लेकर सभी उच्च अधिकारियों द्वारा की गई है क्योंकि प्रत्येक खसरा नंबर पर जाकर फोटो लेकर खराबा अपडेट करना संभव नहीं है। एसोसिएशन की प्रदेश कार्यकारिणी की ओर से इन पटवारियों के समर्थन में पहले प्रशासन व सरकार को ज्ञापन सौंपकर अपना पक्ष रखने के लिए समय मांगा गया था, लेकिन सरकार की ओर से न तो इन पटवारियों को बहाल किया जा रहा है और न ही मिलने का समय निर्धारित किया गया है। जिस कारण मजबूरी में शुक्रवार को एसोसिएशन के आह्वान पर सांकेतिक धरना दिया गया है। पटवारियों ने आरोप लगाया कि एक-एक पटवारी के पास कई-कई सर्किलों का कार्यभार है, जिससे काम में देरी होना स्वाभाविक है। ऐसे में प्रशासन को उनकी समस्याओं को समझने की जरूरत है न कि निलंबन की। अगर जल्द बहाली नहीं की जाएगी तो अनिश्चितकालीन हड़ताल की जा सकती है।