करोड़ों रुपए की लागत से भाखड़ा नहर के दोबारा निर्माण कार्य का नहरी विभाग के सर्कल इंजिनियर राजेश बिश्नोई द्वारा औचक निरीक्षण किया गया। इस निरीक्षण के दौरान उन्हें अनेक खामियां मिलीं, जिसके बाद मौके पर मौजूद विभाग के अधिकारियों को कड़ी फटकार भी लगाई है। उन्होंने विभाग के कार्यकारी अभियंता श्याम ढींगड़ा, एसडीओ को लिखित पत्र जारी कर कुछ जगह पर कार्य शुरू न होने तथा जहां काम शुरू हुआ है। वहां कार्य गति धीमी होने पर भारी नाराजगी जताई है। सर्कल इंजिनियर राजेश बिश्नोई ने कहा कि निरीक्षण में पाया गया कि लाइनिंग का कार्य को आरडी 20500 से 22500, 22500 से 24500, 24500 से 26337, 26337 से 28500, 28500 से 30500 और 30500 से 32500 तक अभी तक शुरू भी नहीं किया गया है। इसलिए कार्यकारी अभियंता और एसडीओ को निर्देश दिया जाता है कि वे क्लोजर कार्य होने के कारण तत्काल कार्य को शुरू करवाए क्योंकि क्लोजर को किसी भी कीमत पर आगे नहीं बढ़ाया जाएगा। उन्होंने कहा कि आरडी 14500 से 16500, तथा 18500 से 20500 तक जो कार्य शुरू किया गया है उसकी रफ्तार भी धीमी है। पत्र में कहा कि उक्त कार्य की प्रगति में तेजी लाई जाए और सभी रिचो पर लाइनिंग कार्य अविलंब शुरू किया जाए ताकि कार्य को निर्धारित समय अवधि में पूरा करना सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि गढ़ी कार्य में किसी भी प्रकार की देरी होती है तो देरी को गंभीरता से लिया जाएगा और इसके लिए आपका कार्यालय जिम्मेदार होगा। आपको बता दे कि नहरी विभाग के कार्यकारी अभियंता श्याम ढींगड़ा ने कार्य को शुरू करने से पहले पत्रकार वार्ता में बड़े बड़े दावे किए थे जिनकी सच्चाई सर्कल इंजिनियर के दौरे ने खोलकर रख दी है। इसके अलावा शहर के लोगों द्वारा उक्त कार्य की वीडियो बनाके सोशल मीडिया पर वायरल करते हुए मेट्रिरियल की गुणवत्ता पर भी सवाल खड़े किए जा चुके हैं। विभाग द्वारा करीबन 60 करोड़ की लागत से 20 किलोमीटर लंबा कार्य करने की बात कही गई थी।