सीआरपीएफ में तैनात हैड कास्टेबल विरेन्द्र सिंह पंचतत्व में विलीन हुए। सैनिक सम्मान के साथ शनिवार को उनको गांव बुसान में अंतिम विदाई दी गई। उनके बेटे रवि ने चिता को मुखाग्नि दी। गांव बुसान के सीआरपीएफ में तैनात हैड कास्टेबल विरेन्द्र सिंह के पश्चिम बंगाल में तैनात थे, एक घटना में गत 2 अप्रैल को प्राण पूरे हो गए थे। दुःख की इस परिस्थिति में आस पास के गांवों से आए अनेक गणमान्य नागरिको ने परिजनों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की। हेड कांस्टेबल विरेन्द्र सिंह कालीरामन सुपुत्र स्व श्री रायसिंह की उम्र 43 वर्ष है। माता का नाम रोशनी और पत्नी नाम मोनिका है ।उनकी एक 14 वर्षीय बेटी रितिका, बेटा रवि आयु 10 है। दो भाई संजय कुमार व जगमेन्द्र हैं। उनकी सर्विस सीआरपीएफ में करीब 19 साल की रही। दिल्ली से आई सीआर पीएफ की टुकड़ी के इंचार्ज कैप्टन जयसिंह के नेतृत्व में इंस्पेक्टर भरत सिंह, हवलदार अजय कुमार व सत्यनारायण के अलावा सिपाही प्रदीप कुमार, विष्णु, उपेंद्र, लक्ष्मीनारायण, संतोष कुमार, मोहन व दीप नारायण की टुकड़ी ने सलामी देकर अंतिम विदाई दी। वहीं कैबिनेट मंत्री श्रुति चौधरी व राज्यसभा सांसद किरण चौधरी के ओर से प्रतिनिधि एडवोकेट हरिसिंह सागंवान, तहसील कार्यालय से कानूनगो राजेन्द्र जाखड़, सीआरपीएफ की टुकड़ी का नेतृत्व कर रहे इंस्पेक्टर भरत सिंह और पुलिस विभाग के उप निरीक्षक सुनील कुमार ने पुष्पचक्र अर्पित कर श्रदांजलि दी।